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Verification
यूपी के मेरठ जिले में एक सम्प्रदाय के 2 युवकों द्वारा हिन्दू महिलाओं पर मंदिर में कीर्तन करते समय बन्दूक से हमला किया गया है। ऐसा ही एक सन्देश तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। शुरुआती खोज के दौरान हमारे हाथ कुछ ख़ास नहीं लगा जिससे इस ख़बर की पुष्टि हो पाती।
एक समाचार वेबसाइट
Breaking Tube के लेख शीर्षक ‘मंदिर में कीर्तन कर रहीं महिलाओं पर मुस्लिम युवकों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग, इलाके में दहशत का माहौल ‘ को टैग करते हुए सोशल मीडिया में शेयर किया जा रहा है। इस वेबसाइट का आर्टिकल ध्यान से पढ़ने पर पता चला कि 2 युवकों ने मंदिर में कीर्तन कर रही हिन्दू महिलाओं को डराने के लिए फायरिंग की थी। खबर में इस बात का जिक्र किया गया है कि फायरिंग करते हुए स्कूटी का नंबर सीसीटीवी में कैद हो गया लेकिन कहीं भी कोई क्लिप या वीडियो अपलोड नहीं किया गया है।
बारीकी से खोजने पर हमें
opindia का एक लेख मिला। इस ख़बर में कहा गया है कि 2 मुस्लिम लड़कों ने मंदिर के पास फायरिंग की थी। इस फायरिंग से आसपास के लोगों में दहशत का माहौल हो गया। खबर मिलने के बाद पुलिस ने इन युवकों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इस पूरे मामले में एक चौंकाने वाला बयान दिया है। मामले की जांच कर रहे इंस्पेक्टर ने कहा है कि जिस असलहे से फायर किया गया था वह नकली था। नकली पिस्टल नौचंदी मेले से खरीदा गया था।
इस लेख में लाइव हिन्दुस्तान के पेपर की कटिंग के साथ ही दैनिक जागरण समाचार पत्र की कटिंग को भी जोड़ा गया है। दोनों समाचार पत्रों ने इस बात की पुष्टि की है कि ऐसा वाक्या पेश आया है। सोशल मीडिया में हो रहे दावे की सच्चाई क्या है यह बात सीसीटीवी फुटेज देखने पर पता चलती है।
वीडियो में साफ़ देखा जा सकता है कि युवकों ने हवा में फायर किया है। हालांकि वहां आसपास कोई महिला दिखाई नही दे रही। वीडियो के स्क्रीनशॉट से साफ़ होता है कि फायरिंग किसी महिला पर नही हुई है। पूरा फुटेज देखने पर साफ़ होता है कि खबर तो सही है लेकिन सोशल मीडिया में तथ्यों को तोड़ मरोड़कर पेश किया जा रहा है।
Tools Used
- Google Reverse Image
- Twitter Advanced search
- Google Search
Result- Misleading