Claim
एमपी के रतलाम में बच्चा पकड़ने वाले 25 लोगों की एक टोली को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
Verification
देश के कई कोनों से अक्सर बच्चा चोरी की घटनाएं सामने आती ही रहती हैं। सोशल मीडिया में इसी बात को लेकर एक सन्देश तेजी से शेयर किया जा रहा है। सन्देश में कहा गया है कि बच्चा चोरी करने वाला एक गैंग रतलाम पुलिस के हत्थे चढ़ गया। इस गिरोह में 25 लोग शामिल हैं जिनमें युवतियां भी हैं। इस कैप्शन के साथ एक तस्वीर को पोस्ट किया गया है जिसमें पुलिस स्टेशन का बोर्ड भी लगा है और कुछ सिपाही भी देखे जा सकते हैं। खबर की पड़ताल के दौरान ट्विटर पर कुछ अन्य ट्वीट भी मिले जिन्होंने इस सन्देश को शेयर किया था।
खबर की तह तक जाने के लिए हमने गूगल खंगालना शुरू किया। इस दौरान रतलाम में बच्चा गिरोह की गिरफ्तारी के बारे में खोजने पर कुछ ख़ास हाथ नहीं लगा। कुछ ख़बरें सामने आईं लेकिन तस्वीरें बिलकुल अलग स्थिति बयां कर रही थी।
गूगल पर काफी देर तक सर्च करने के बाद भी इस खबर की पुष्टि नहीं हो सकी कि रतलाम पुलिस ने हालिया दिनों में कभी इतने बड़े बच्चा चोर गिरोह को गिरफ्तार भी किया है।
खबर की सच्चाई जानने के लिए हमने रतलाम के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी से फोन पर बात की। उन्होंने बताया कि यह मामला रतलाम स्थित जावरा थाने का है। जैसा कि चित्र में भी साफ़ देखा जा सकता है कि बोर्ड पर जावरा थाना लिखा हुआ है। उनके मुताबिक़ यह गिरफ़्तारी बच्चा गिरोह की ना होकर सेक्स रैकेट गिरोह की है।
इस मामले में पर इस
घटना से मिलती जुलती कई खबरें देखने को मिली लेकिन वायरल तस्वीर नहीं मिल सकी।
खोज के दौरान ही 19 जुलाई 2019 को
पत्रिका में प्रकाशित यह तस्वीर दिखाई पड़ गई। इस खबर में साफ़ किया गया है कि जावरा थाना स्थित बाछड़ा डेरे से पुलिस ने नाटकीय घटनाक्रम में 1 नाबालिग सहित कुल 25 लोगों को गिरफ्त में लिया था जो कथित रूप से देह व्यापार में शामिल थे।
पुलिस ने लोगों के नामों का खुलासा करते हुए कहा है कि यह कुकृत्य इलाके में काफी दिनों से हो रहा था। मुखबिर की सूचना पर डेरा पहुंची पुलिस ने लोगों को काबू किया।
इसी खबर को
नई दुनिया ने भी प्रकाशित किया है लेकिन खबर के साथ तस्वीर नहीं है।
हमारी पड़ताल के बाद यह साबित हो गया कि तस्वीर में दिखाई दे रहे लोग किसी बच्चा चोर गिरोह के सदस्य नहीं हैं बल्कि पुलिस ने इन्हे देह व्यापार के मामले में गिरफ्तार किया है।
Tools Used
- Google Reverse Image
- Twitter Advanced Search
- Google Keywords Search
Result- Misleading